मंगल बद: कारण, लक्षण और उपाय
मंगल बद आपकी खुशियों और तरक्की को रोक सकता है। जानिए इसके कारण, पहचान और लाल किताब के आसान उपाय।
जिस भाव में जो ग्रह बैठे हैं, उन्हें चुनिए — उसी से जुड़े लेख मिल जाएँगे।
मंगल बद आपकी खुशियों और तरक्की को रोक सकता है। जानिए इसके कारण, पहचान और लाल किताब के आसान उपाय।
लाल किताब के अनुसार संतान सुख और उसके जन्म से जुड़े महत्वपूर्ण योग और ग्रहों की स्थिति जानें, साथ ही गर्भपात के कारण और उपाय भी समझें।
लाल किताब के अनुसार विभिन्न ग्रहों के योग से धन, नौकरी, परिवार और रिश्तों पर क्या प्रभाव पड़ते हैं, जानिए इस लेख में।
जानें लाल किताब के अनुसार विभिन्न ग्रहों के बुरे प्रभावों को शांत करने और उनसे शुभ फल प्राप्त करने के सरल उपाय।
लाल किताब के अनुसार, दो ग्रहों की युति से होने वाले विभिन्न रोगों और उनके ज्योतिषीय उपायों के बारे में जानें।
जानें कौन सा ग्रह कौन सी बीमारी देता है और लाल किताब के आसान उपायों से कैसे इन बीमारियों से छुटकारा पाएं.
लाल किताब के अनुसार विवाह के योग, शुभ-अशुभ समय और वैवाहिक जीवन पर विभिन्न ग्रहों के प्रभावों को जानें।
सूर्य और चंद्रमा के विभिन्न ग्रहों के साथ युति होने पर क्या प्रभाव हो सकते हैं, जानिए इस लेख में।
जानें कि आपकी कुंडली में ऊँचे या मजबूत ग्रहों से संबंधित किन चीज़ों का दान आपको कभी नहीं करना चाहिए।
बृहस्पति का विभिन्न भावों में होना आपके प्रेम जीवन, न्यायप्रियता और आध्यात्मिक झुकाव को कैसे प्रभावित करता है, जानें।
शुक्र की युति विभिन्न ग्रहों के साथ प्रेम संबंध, वैवाहिक जीवन और संतान पर कैसे प्रभाव डालती है, जानें।
लाल किताब के अनुसार कुछ ग्रहों की स्थिति में मंदिर जाना या कुछ खास चीज़ों का दान करना आपके लिए बुरा हो सकता है। जानें कब बचें।
कुंडली में बृहस्पति, शुक्र, सूर्य और मंगल की कुछ खास स्थितियों से बोलने-सुनने में दिक्कत हो सकती है। जानें इसके उपाय।
यह युति सरकारी कामों में मान-सम्मान और तरक्की दिलाती है। यह आपके भाग्य को चमकाती है।
बृहस्पति, सूर्य, शुक्र और मंगल की युति व्यक्ति को बुद्धिमान, शांत, सम्मानित और विजयी बनाती है। यह योग महान भाग्य और शाही रुतबा देता है।
जब बृहस्पति, सूर्य, चंद्रमा और मंगल एक साथ होते हैं, तो व्यक्ति को समाज में बहुत मान-सम्मान और प्रसिद्धि मिलती है।
बृहस्पति, चंद्रमा, बुध और राहु की युति से धन हानि हो सकती है, खासकर राहु की उम्र तक। हालांकि, ग्रहों के सहयोग से मिला-जुला अच्छा फल भी मिल सकता है।
यह युति व्यापार में नुकसान के बाद भी ससुर या चाचा से मिले धन से लाभ और धन संचय का संकेत देती है।
लाल किताब का यह उपाय सूर्य और मंगल को मजबूत कर मान-सम्मान, सरकारी नौकरी और आत्मविश्वास बढ़ाता है।
जब बृहस्पति, शनि और मंगल खराब स्थिति में आमने-सामने हों, तो राजनीति में अचानक बदलाव आ सकते हैं।