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पाप ग्रह · 93

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शुक्र-राहु नवम भाव में: पैतृक संपत्ति, प्रेम विवाह और दुर्भाग्य

नवम भाव में शुक्र और राहु का संयोग पैतृक संपत्ति में वृद्धि, प्रेम विवाह और धार्मिक यात्राएं देता है, लेकिन बच्चों की चिंताएं और दुर्भाग्य भी ला सकता है।

मंगल-राहु नौवें भाव में: भाईचारा, लंबी उम्र और पिता को कष्ट

मंगल और राहु की नौवें भाव में युति आपके भाइयों से संबंध, लंबी उम्र और धन-दौलत पर असर डालती है, लेकिन पिता को कष्ट और बदनामी भी दे सकती है।

बृहस्पति-राहु नौवें भाव में: धार्मिकता, भाग्य और संतान सुख

बृहस्पति और राहु की नवें भाव में युति व्यक्ति को धार्मिक, भाग्यशाली और संतान सुख प्रदान करती है, लेकिन कुछ नकारात्मक प्रभाव भी हो सकते हैं।

बृहस्पति-राहु आठवें भाव में: भाग्य का उतार-चढ़ाव और गुप्त कार्य

आठवें भाव में बृहस्पति और राहु की युति आपके भाग्य में उतार-चढ़ाव ला सकती है। आपको ससुराल से लाभ मिल सकता है, लेकिन गुप्त कार्य और दूसरों के धन पर निर्भरता से बचें।

चंद्रमा-शनि सातवें भाव में: धन, विदेश यात्रा और स्वास्थ्य

चंद्रमा और शनि की युति सातवें भाव में धन, विदेश यात्रा और एक अच्छे जीवनसाथी का संकेत देती है। हालांकि, आंखों की समस्या, स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां और अपयश का खतरा भी हो सकता है।

बृहस्पति-राहु सातवें भाव में: पिता या ससुर में से एक का जीवित रहना

बृहस्पति और राहु के सातवें भाव में होने से पिता या ससुर में से केवल एक के जीवित रहने की संभावना हो सकती है।

बृहस्पति-केतु सातवें भाव में: पुत्र और वैवाहिक जीवन से कष्ट

बृहस्पति और केतु की युति सातवें भाव में पुत्र और वैवाहिक जीवन से कष्ट दे सकती है। यह आर्थिक नुकसान और सरकारी अपमान का कारण बन सकती है।

बृहस्पति-चंद्रमा छठे भाव में: बुध-केतु की स्थिति से अच्छे-बुरे फल

बृहस्पति और चंद्रमा के छठे भाव में होने पर, बुध और केतु की स्थिति आपके जीवन पर अच्छे और बुरे प्रभाव डालती है। पानी के दान से बचें, लेकिन श्मशान घाट में पानी उपलब्ध कराना शुभ फल देगा।

चंद्रमा-शनि पांचवे भाव में: बच्चे, धन और लंबी आयु

जानें पांचवे भाव में चंद्रमा और शनि की युति का आपके बच्चों, धन और आयु पर क्या प्रभाव पड़ता है। यह युति आपको धर्मी और सफल बना सकती है, लेकिन कुछ चुनौतियाँ भी ला सकती है।

चंद्रमा-केतु पांचवें भाव में: संतान, शिक्षा और धन पर प्रभाव

चंद्रमा और केतु की पंचम भाव में युति संतान, शिक्षा और धन को प्रभावित करती है। यह आपको न्यायप्रिय और सिद्धांतवादी बना सकती है, लेकिन शिक्षा में रुकावटें और व्यापार में नुकसान भी दे सकती है।