कुंडली से खोजें

शुक्र-केतु आठवें भाव में: मिले-जुले प्रभाव और उपाय

1 मिनट Read in English

यहां भी दो ग्रहों के अच्छे और बुरे प्रभाव इस तरह से मिलते हैं:

क्या यह लेख काम आया?
इस लेख को रेटिंग दें

टिप्पणियाँ (0)

अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली आप लिखिए।

मिलते-जुलते लेख

सूर्य-बुध की युति: नीच मंगल के प्रभावों को बदलें

जब मंगल और सूर्य दोनों नीच के हों, तो सूर्य और बुध की युति मंगल के नकारात्मक प्रभावों को सकारात्मक में बदल सकती है, बशर्ते शुक्र अच्छी स्थिति में हो।

बृहस्पति-चंद्रमा छठे भाव में: बुध-केतु की स्थिति से अच्छे-बुरे फल

बृहस्पति और चंद्रमा के छठे भाव में होने पर, बुध और केतु की स्थिति आपके जीवन पर अच्छे और बुरे प्रभाव डालती है। पानी के दान से बचें, लेकिन श्मशान घाट में पानी उपलब्ध कराना शुभ फल देगा।

अपनी कुंडली का लाल किताब विश्लेषण चाहिए?

नाम और WhatsApp नंबर दीजिए — हम आपसे संपर्क करेंगे।