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सूर्य-बुध सातवें भाव में: जीवनसाथी और व्यापार पर प्रभाव

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अच्छाई आती है: यह आपके जीवनसाथी की अच्छी और बुरी स्थिति पर निर्भर करता है. यह स्थिति आपके जीवनसाथी की कुंडली में शुक्र की अच्छी और बुरी स्थिति से तय होती है.

  • अगर शुक्र पहले भाव (लग्न) में है, तो आपका जीवनसाथी अमीर और अच्छे परिवार से हो सकता है.
  • ऐसे में आपका जीवनसाथी दिखने में सुंदर और स्वभाव से अच्छा हो सकता है.

सातवें भाव में बैठे बुध की अच्छाई इस तरह से मिल सकती है:

  • विदेश से जुड़े व्यापार या तैयार माल के व्यापार से फायदा हो सकता है.
  • आपकी शादी आपकी पसंद के व्यक्ति से या विदेश में हो सकती है. आपके परिवार को बहुत अच्छा नाम मिल सकता है. आपका जीवनसाथी भी उच्च परिवार से और अच्छी जगह पर हो सकता है.

बुराई आती है:

  • आपको निम्न स्तर की संतान हो सकती है और आपका जीवनसाथी भी आरामदायक स्थिति में नहीं हो सकता है.
  • आपके ससुराल वालों को नुकसान हो सकता है या आपकी संतान की असमय (समय से पहले) मृत्यु हो सकती है.
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