कुंडली से खोजें

सूर्य · 173

ग्रह और भाव चुनकर खोजें →

सूर्य दूसरे भाव में: सम्मान, धन और पारिवारिक चुनौतियाँ

सूर्य का दूसरे भाव में होना आपको समाज में सम्मान, धन और उच्च पद दिला सकता है, लेकिन परिवार और बच्चों से जुड़ी चुनौतियाँ भी दे सकता है।

सूर्य-शुक्र बारहवें भाव में: पत्नी, विदेश यात्रा और कला में रुचि

सूर्य और शुक्र के बारहवें भाव में होने से पत्नी का स्वभाव, विदेश यात्रा के योग और कला के प्रति रुचि पर असर पड़ता है। जानिए इसके अच्छे और बुरे प्रभाव।

सूर्य-शनि बारहवें भाव में: गंभीर परिणाम और बचाव

बारहवें भाव में सूर्य और शनि की युति से आपको आपराधिक मामलों, जेल और आंखों की समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है, या विदेश से लाभ मिल सकता है।

सूर्य-चंद्रमा बारहवें भाव में: विदेश से लाभ और गूढ़ विषयों में रुचि

बारहवें भाव में सूर्य और चंद्रमा की युति आपको विदेश से लाभ और गूढ़ विषयों में रुचि दे सकती है, लेकिन कुछ चुनौतियां भी ला सकती है।

सूर्य-बुध बारहवें भाव में: धन, विदेश यात्रा और स्वास्थ्य

सूर्य और बुध की बारहवें भाव में युति धन, विदेश यात्रा और कुछ स्वास्थ्य समस्याओं को दर्शाती है। यह स्थिति विरासत और गुप्त ज्ञान से भी जुड़ी है।

सूर्य-मंगल बारहवें भाव में: परिवार, व्यापार और गुप्त विद्या

बारहवें भाव में सूर्य और मंगल की युति परिवार से लाभ, व्यापार में सफलता और गुप्त विद्याओं में रुचि देती है, लेकिन कुछ चुनौतियाँ भी ला सकती है।

सूर्य-केतु बारहवें भाव में: तरक्की, विदेश यात्रा और स्वास्थ्य

बारहवें भाव में सूर्य और केतु की युति से तरक्की, विदेश यात्रा और संपत्ति के योग बनते हैं, लेकिन आँखों की समस्या और मानसिक परेशानी भी हो सकती है।

बृहस्पति-सूर्य बारहवें भाव में: परिवार की तरक्की और धन लाभ

बारहवें भाव में बृहस्पति और सूर्य की युति से परिवार में तरक्की होती है और धन-संपत्ति में वृद्धि होती है।

सूर्य-शुक्र ग्यारहवें भाव में: धन, सुंदर संतान और कला में रुचि

ग्यारहवें भाव में सूर्य और शुक्र की युति आपको धनवान, कला प्रेमी और सुंदर संतान वाला बनाती है। हालांकि, दोस्तों और रिश्तेदारों से अनबन हो सकती है।

सूर्य-शनि ग्यारहवें भाव में: धन, संपत्ति और पारिवारिक सुख

सूर्य और शनि का ग्यारहवें भाव में होना धन, संपत्ति और पारिवारिक सुख को प्रभावित करता है। जानें इसके शुभ-अशुभ प्रभाव।

सूर्य-राहु ग्यारहवें भाव में: धन, संपत्ति और खुशहाल परिवार

सूर्य और राहु की युति ग्यारहवें भाव में धन, संपत्ति और परिवारिक सुख लाती है। आप ईमानदार और महत्वाकांक्षी होते हैं।

सूर्य-चंद्रमा ग्यारहवें भाव में: माँ, बच्चे और लंबी उम्र

ग्यारहवें भाव में सूर्य-चंद्रमा की युति आपको माँ और बच्चों से खुशी देती है, साथ ही व्यापार और सरकारी नौकरी में सफलता मिल सकती है।

सूर्य-बुध ग्यारहवें भाव में: नैतिक परिवार से भाग्य वृद्धि

सूर्य और बुध का ग्यारहवें भाव में होना परिवार के सदस्यों की नैतिकता से जुड़ा है। यदि परिवार के लोग ईमानदार हैं, तो भाग्य हमेशा बढ़ता है।

सूर्य-मंगल ग्यारहवें भाव में: धन, सम्मान और सफल रिश्ते

सूर्य और मंगल का ग्यारहवें भाव में होना आपको धनी, सम्मानित और सामाजिक रूप से सफल बना सकता है, लेकिन कुछ पारिवारिक विवादों का भी सामना करना पड़ सकता है।

सूर्य-केतु ग्यारहवें भाव में: संपत्ति, प्रसिद्धि और संतान

सूर्य और केतु का ग्यारहवें भाव में मेल आपके जीवन में संपत्ति, सरकारी कामों में प्रसिद्धि और संतान के मामलों को कैसे प्रभावित करता है, जानें।

बृहस्पति-सूर्य ग्यारहवें भाव में: धन, सम्मान और नैतिक मूल्य

बृहस्पति और सूर्य का ग्यारहवें भाव में होना आपको धनी, ईमानदार और महत्वाकांक्षी बना सकता है, लेकिन गलत व्यवहार से विरासत कम हो सकती है।