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बृहस्पति पहले भाव में: शिक्षा, बुद्धि और पिता का भाग्य

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गुरु पहले (लग्न) भाव में

अच्छे बिंदु:

  • आप पढ़े-लिखे और बुद्धिमान (समझदार) हो सकते हैं.
  • आप जज-वकील, बड़े अकाउंटेंट, डॉक्टर, किसी इज़्ज़तदार मीडिया हाउस के एडिटर जैसे पेशे में हो सकते हैं.
  • आप अपने पिता के लिए भी भाग्य बनाने वाले हो सकते हैं और ज़्यादातर आपको बड़ी और महंगी विरासत मिल सकती है.
  • बाद की उम्र में, आप शायद लोगों के भले, समाज सेवा और धार्मिक कामों से जुड़ सकते हैं.

संकेत:

  • आपके परिवार के सभी सदस्य अच्छी तरह पढ़े-लिखे हो सकते हैं, उनके पास डिग्रियां, डिप्लोमा और शिक्षा से जुड़े सम्मान हो सकते हैं.

अशुभ:

  • आपको खून से जुड़ी अनियमितताएं (गड़बड़ी) या इन्फेक्शन हो सकते हैं.
  • आप बेवजह सबकी आलोचना (बुराई) कर सकते हैं.
  • आप शिक्षा हासिल नहीं कर सकते हैं.
  • यह आपके पिता के लिए अशुभ हो सकता है.
  • भले ही आप पढ़े-लिखे न हों, फिर भी समाज में आपको अच्छी जगह मिल सकती है.
  • आप किस्मत पर बहुत ज़्यादा भरोसा कर सकते हैं.

अशुभ के संकेत:

  • आपकी डिग्री की पढ़ाई बीच में छूट सकती है.
  • यह पितृ ऋण (पूर्वजों के कर्ज़) के कारण हो सकता है.

नोट:

  • अगर परिवार में कोई एक सदस्य ग्रेजुएशन (स्नातक) पूरा कर लेता है, तो वह पितृ ऋण ख़त्म कर देगा और गुरु का अशुभ प्रभाव टूट जाएगा.

अन्य उपाय:

  • भारतीय कार्तिक महीने की पूर्णिमा के दिन कपाल मोचन या अमृतसर में राम-तीरथ स्नान, या राजस्थान में प्रसिद्ध धार्मिक स्थल पुष्कर की यात्रा करें.
  • पितृ ऋण चुकाने का उपाय करें.

क्या न करें:

  • आपको 28 साल की उम्र से पहले शादी नहीं करनी चाहिए, खासकर 24-27 साल की उम्र के बीच.
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