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षष्ठम भाव · 52

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मंगल-बुध छठे भाव में: समुद्री यात्रा, अच्छी शिक्षा और शत्रु पर विजय

मंगल और बुध का छठे भाव में एक साथ होना समुद्री यात्राओं से लाभ, अच्छी शिक्षा और शत्रुओं पर विजय दिला सकता है।

बृहस्पति-शुक्र छठे भाव में: सौभाग्य और संतान सुख

बृहस्पति और शुक्र का छठे भाव में होना आपको और आपकी संतान को सौभाग्य दे सकता है। पत्नी की सेवा और सोने की क्लिप पहनने से लाभ होगा।

बृहस्पति-सूर्य छठे भाव में: सरकारी लाभ और स्वास्थ्य पर प्रभाव

बृहस्पति और सूर्य के छठे भाव में होने से सरकारी कामों में सफलता मिल सकती है, लेकिन स्वास्थ्य और परिवार पर नकारात्मक असर भी हो सकता है।

बृहस्पति-राहु छठे भाव में: धन, शत्रु पर विजय और लंबी आयु

बृहस्पति और राहु का छठे भाव में होना धन, शत्रुओं पर विजय और लंबी आयु दे सकता है, लेकिन कुछ नकारात्मक प्रभाव भी हो सकते हैं।

बृहस्पति-चंद्रमा छठे भाव में: बुध-केतु की स्थिति से अच्छे-बुरे फल

बृहस्पति और चंद्रमा के छठे भाव में होने पर, बुध और केतु की स्थिति आपके जीवन पर अच्छे और बुरे प्रभाव डालती है। पानी के दान से बचें, लेकिन श्मशान घाट में पानी उपलब्ध कराना शुभ फल देगा।