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शुक्र-केतु दूसरे भाव में: धन, कला और पारिवारिक जीवन

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जब दो ग्रह एक साथ होते हैं, तो मिले-जुले असर (प्रभाव) दिखते हैं, जैसे:

  • आप अमीर हो सकते हैं; ससुराल वालों के लिए अच्छे हो सकते हैं; बड़े अफ़सर (अधिकारी) बन सकते हैं; कलाकार हो सकते हैं; व्यापार (कॉमर्स) से फ़ायदा (लाभ) मिल सकता है; सामाजिक (सोशल) काम कर सकते हैं.
  • आपको स्टाइलिश कपड़े पसंद हो सकते हैं; इत्र (परफ्यूम) पसंद हो सकता है; मिट्टी और पशुओं (मवेशियों) से जुड़े कामों से फ़ायदा मिल सकता है.
  • आप संत जैसे दिख सकते हैं, लेकिन आपका दिल रोमांटिक हो सकता है; शुद्ध घी का काम कर सकते हैं; कैशियर या कमीशन एजेंट बन सकते हैं.
  • आप बिना मांगे दूसरों की मदद कर सकते हैं; हमेशा आभारी (कृतज्ञ) रह सकते हैं; सरकार से इनाम (पुरस्कार) या अनुदान (ग्रांट) मिल सकता है; आपको कोई बड़ा पद (रूलिंग पोस्ट) मिल सकता है.
  • आप लंबी यात्राओं पर जा सकते हैं; आपकी ठोड़ी (चिन) पर शहद जैसे रंग का तिल हो सकता है.

खराब (अशुभ) असर:

  • आपका जीवन परेशान (अशांत) रह सकता है; या तो आपकी कोई संतान (बच्चा) नहीं होगी या आप गोद ले सकते हैं; आपकी पत्नी (जीवनसाथी) बीमार रह सकती है.
  • या आपकी पत्नी आपको परेशान कर सकती है; विधवाओं या नीची जाति की महिलाओं से संबंध हो सकते हैं; आपको बहुत ज़्यादा भोग-विलास पसंद नहीं हो सकता है; आप कई लोगों से संबंध रख सकते हैं (व्यभिचारी); आपके पिता को परेशानी हो सकती है; जीवन में बदलाव हो सकते हैं, लेकिन तरक्की (ग्रोथ) नहीं हो सकती है; आप जुआ (गैंबलिंग) खेल सकते हैं, दांव लगा सकते हैं; अनैतिकता (नॉन-एथिकल) के कारण बच्चे तो पैदा हो सकते हैं, लेकिन बुढ़ापे में आपकी परवाह नहीं कर सकते हैं; आप नशीले पदार्थों (इंटॉक्सिकेंट्स) का सेवन कर सकते हैं; आठवें भाव (8th house) का राहु भी इस स्थिति में अपना असर दिखा सकता है.
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